[CRK]
बांग्लादेश क्रिकेट का सम्मान: तमीम इकबाल की नई पहल
बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) के अध्यक्ष के रूप में तमीम इकबाल ने अपनी नई भूमिका में क्रिकेट के दिग्गजों को एक विशेष सम्मान देने का निर्णय लिया है। हाल ही में ढाका के एक फाइव स्टार होटल में आयोजित एक भव्य समारोह में ‘कैप्टन्स कार्ड’ का अनावरण किया गया। यह पहल उन खिलाड़ियों के लिए है जिन्होंने देश का नेतृत्व किया है और बांग्लादेश क्रिकेट को आज की ऊंचाई तक पहुंचाने में अपना अमूल्य योगदान दिया है।
कैप्टन्स कार्ड क्या है और यह क्यों महत्वपूर्ण है?
तमीम इकबाल के नेतृत्व वाली बीसीबी समिति ने 27 पुरुष और 6 महिला कप्तानों को यह लाइफटाइम कार्ड प्रदान किया है। तमीम का मानना है कि जब खिलाड़ी सक्रिय होते हैं, तो उनकी कई मांगें होती हैं, लेकिन संन्यास के बाद वे केवल सम्मान की अपेक्षा रखते हैं।
- सम्मान का प्रतीक: यह कार्ड इस बात का प्रमाण है कि बोर्ड अपने पूर्व कप्तानों को हमेशा याद रखता है।
- सुविधाएं: कार्ड धारक पूर्व कप्तानों को स्टेडियम में और अन्य बीसीबी कार्यक्रमों में विशेष मान्यता और सम्मान मिलेगा।
- एक शुरुआत: तमीम ने स्पष्ट किया कि यह कार्ड बहुत बड़ी चीज़ नहीं हो सकती, लेकिन यह खिलाड़ियों को वह सम्मान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है जिसे वे डिजर्व करते हैं।
अमीनुल इस्लाम बुलबुल से संपर्क पर तमीम का खुलासा
इस समारोह के दौरान एक भावुक और दिलचस्प पल तब आया जब तमीम इकबाल ने अमीनुल इस्लाम बुलबुल के बारे में बात की। तमीम ने बताया कि उन्होंने बुलबुल से संपर्क करने की काफी कोशिश की, लेकिन वे असफल रहे। तमीम ने हंसते हुए बताया, ‘मैंने बुलबुल भाई को फोन किया और मैसेज भी भेजे। बाद में मुझे एहसास हुआ कि मुझे ब्लॉक कर दिया गया है। खैर, कोई बात नहीं। मुझे पता है कि बांग्लादेश क्रिकेट में उनका योगदान बहुत बड़ा है, वे हमारे पहले टेस्ट शतकवीर हैं।’
पूर्व खिलाड़ियों के संघर्ष को याद करना
तमीम ने मंच से एक बहुत ही गहरी बात कही। उन्होंने कहा कि आज हमारे पास मीडिया है, पैसा है और बेहतर सुविधाएं हैं, लेकिन जिन लोगों ने बांग्लादेश क्रिकेट की नींव रखी, उनके समय में ऐसा कुछ नहीं था। उन्होंने केवल खेल के प्रति अपने प्रेम के लिए खेला। ‘आज हम जो कुछ भी देख रहे हैं, वह उन्हीं खिलाड़ियों की मेहनत का परिणाम है। अक्सर पूर्व खिलाड़ियों को यह डर सताता है कि कहीं स्टेडियम में जाकर उन्हें कोई पहचाने न, और यह बहुत दुखद है।’
भविष्य की योजनाएं और पूर्व कप्तानों को संदेश
कार्यक्रम में शाकिब अल हसन और मशरफे मुर्तजा जैसे दिग्गज खिलाड़ी उपस्थित नहीं हो सके, लेकिन तमीम ने स्पष्ट संदेश दिया कि ये कार्ड उनके नाम पर तैयार रखे गए हैं। ‘जो खिलाड़ी आज उपस्थित नहीं हो सके, वे जब भी उपलब्ध हों, बीसीबी ऑफिस से अपना कार्ड ले सकते हैं। हमारा उद्देश्य केवल एक ही है—एक-दूसरे का सम्मान करना। हम सभी क्रिकेटर हैं और हमारा आपस में जुड़ाव हमेशा बना रहना चाहिए।’
तमीम इकबाल की यह पहल निश्चित रूप से बांग्लादेश क्रिकेट में एक नई परंपरा की शुरुआत है। खिलाड़ियों को मिलने वाला यह ‘कैप्टन्स कार्ड’ न केवल उनके करियर का सम्मान है, बल्कि यह आने वाली पीढ़ी के लिए भी एक उदाहरण है कि खेल के दिग्गजों को कैसे सम्मानित किया जाता है। कुल 33 कप्तानों के लिए जारी यह कार्ड अब आजीवन मान्य रहेगा, जो पूर्व खिलाड़ियों को एक विशेष पहचान और सम्मान दिलाने में मदद करेगा।
