मुंबई इंडियंस के गेंदबाजी कोच पारस म्हंब्रे के最新 टिप्पणियों के अनुसार, टीम बुमराह की दुर्भाग्यप्रदशा से ज्यादा उसकी प्रतिभुता की चिंता करती है, क्योंकि वह विश्वास करते हैं कि पूर्व क्षेत्ररक्षक विपक्षी पारियों में सफल होंगे।
इस सीज़न में, मुंबई इंडियंस की टीम बहुत ही खराब प्रदर्शन कर रहीहै और इसे सीज़न से पहले समाप्त करने के लिये संघर्ष करती दिख रही है। फिर भी, बुमराह की चिंता का मुख्य कारण उनकी कमजोर गेंदबाजी पंक्ति है।
इस बेल्ट से भी पहले की बेल्ट के रूप में, मुंबई इंडियंसने हाल ही में सहज लागत वाले खिलाड़ियों को शामिल कियाजैसे अल्लाह गजाननफार और शार्दुल ठकुर। लेकिन यह भी चिंताजनक है कि उनकी तुलना में इस सीज़न में गेंदबाजों का प्रदर्शन खराब रहा है। यह ध्यातव्य हैं कि क्रिकेट के विस्फोटक प्रथम सीज़न की तरह उनके ओवर रेट 12 से 12 से 13 के मध्य बिता रहे हैं। यहां तक कि जसप्रीत बुमराह, जो हर सीज़न में एक संकट नहीं पैदा करता है, अब एक गैर-संभावि भूमिका खेल रहे हैं।
मुंबई इंडियंस के खेलों के प्रशंसक, जसप्रीत बुमराह द्वारा लंबे समय तक शून्य-विकेट पर रहकर निराश नहीं हो। वे जानते हैं कि बुमराह एक ऐसे गेंदबाज हैं, जो MI में प्रथम की शीर्ष गेंदबाजी की भूमिका निभाते हैं, क्योंकि हमने इस बेल्ट में हमेशा MI से शून्य विकेटें लेने की चीजे नहीं देखी, उन्हें बैटरों ने अपने प्लान्स के साथ प्रभावी तरीके से भेदने सही लागा है। इस समय इस सीज़न में, बैटरों को उनके प्लान्स क्रियान्वित करने देनेवाला खंड है, लेकिन बुमराह पर यह भी कहा जा सकता है कि उनके मुकाबले ज्यादा तेजी से विकेट संभव नही है। बुमराह की रिकॉर्ड है उन्होंने 5 मैच में 1 बॉल पर रहकर अपने पूरी गेंदबाजी कर्दिया है। गेंद आंधी पालवाले 5 मैच की इंडियन प्रीमियर लीग के इस बेल्ट में उसके लिए 5 मैच 19 ओवर 0 विकेट का है
इस समय टीम के मैचों का प्लान इस ही चीज के सापेक्ष योन पर आधारित रहा है। जिन खिलाड़ियों से खेला जा रहा हैं, उसमें से अधिकांश ने एक अर्थस्थायी पर संतुलन लिए
पर विपक्षी त्यानी सिर्फ एक ही नाजुकता से निभी जाने वाला खेल पारि या जीत की नाक को है। उन्होने भी अपने खेल का तरीका MI की पारि
टेल्स माननेवाले खिलाडी रहे. ताकि हम जान सके उनकी संभावनों प्रति चिंताओ क्या ही बहुत बहुत कम है
पर, क्या यही हमारी कहानी है? यहां बहुत मुश्किल है। पहले सिर्फ MI द्वितीय गेंदबाज थे।
मुंबई इंडियंस के गेंदबाजी कोच, पारस म्हंब्रे, ने जसप्रीत बुमराह को एक विश्वसनीय खिलाड़ी के रूप में स्वीकार किया है क्योंकि उन्हें लगा कि उनके गेंदबाज निर्धारित सीमा तक विकेट नहीं ले पा रहे हैं; क्योंकि वह विश्वास करते हैं कि पूर्व क्षेत्ररक्षक विपक्षी पारियों में सफल होंगे ।
