डोम सिबली का दबदबा: सरे ने ससेक्स के खिलाफ कसा शिकंजा
कीआ ओवल में चल रहे रोथेसे काउंटी चैंपियनशिप मुकाबले में सरे के सलामी बल्लेबाज डोम सिबली ने एक बार फिर अपनी निर्भरता साबित की है। 2025 सीजन की शुरुआत से अपना छठा प्रथम श्रेणी शतक जड़कर, सिबली ने ससेक्स के गेंदबाजों की कड़ी परीक्षा ली है। दूसरे दिन का खेल बारिश के कारण जल्दी समाप्त होने तक, सरे ने 2 विकेट के नुकसान पर 292 रन बना लिए थे।
सिबली की धैर्यपूर्ण पारी और इंग्लैंड टीम में वापसी की चर्चा
30 वर्षीय डोम सिबली ने 268 गेंदों का सामना करते हुए छह घंटे तक क्रीज पर समय बिताया और नाबाद 116 रन बनाए। यह पारी न केवल सरे के लिए महत्वपूर्ण रही, बल्कि इंग्लैंड की टेस्ट टीम में वापसी की उनकी दावेदारी को भी मजबूत करती है। पांच साल पहले अपना आखिरी टेस्ट खेलने वाले सिबली अब अपने 10,000 प्रथम श्रेणी करियर रनों के आंकड़े से महज 9 रन दूर हैं। उन्होंने एसेक्स के खिलाफ पिछले मैच में भी शतक जड़ा था, जो उनके शानदार फॉर्म को दर्शाता है।
सरे की मजबूत बल्लेबाजी साझेदारी
सिबली को कप्तान रोरी बर्न्स (77) और रयान पटेल (67) का बेहतरीन साथ मिला। बर्न्स और सिबली के बीच 148 रनों की साझेदारी हुई, जबकि पटेल ने सिबली के साथ 109 रन जोड़े। पटेल ने अपनी 82 गेंदों की पारी में बेहद आक्रामक रुख अपनाया, जिससे सरे की टीम ससेक्स के 358 रनों के स्कोर के काफी करीब पहुंच गई है।
ससेक्स की खराब फील्डिंग का खामियाजा
ससेक्स के लिए यह मैच थोड़ा निराशाजनक रहा क्योंकि उन्होंने महत्वपूर्ण मौकों पर कैच छोड़े। रयान पटेल जब 11 रन पर थे, तब विकेटकीपर जॉन सिम्पसन ने एक आसान कैच टपका दिया। इसके बाद, ओली पोप को भी 11 रन के निजी स्कोर पर तीसरी स्लिप में जीवनदान मिला। यदि ये कैच पकड़े जाते, तो ससेक्स की टीम सरे पर दबाव बनाने की स्थिति में होती।
गेंदबाजों का संघर्ष
दूसरे दिन ससेक्स के तेज गेंदबाजों ने सरे के बल्लेबाजों को परेशान करने की पूरी कोशिश की। हेनरी क्रोकॉम ने 85-88 मील प्रति घंटे की रफ्तार से शानदार गेंदबाजी की और रोरी बर्न्स को काफी परेशान किया। बर्न्स को दो बार हाथ में चोट भी लगी, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी। अंततः 49वें ओवर में क्रोकॉम ने बर्न्स का विकेट चटकाकर ससेक्स को पहली सफलता दिलाई।
मैच की स्थिति: एक नजर में
- ससेक्स (पहली पारी): 358/9 (घोषित)
- सरे (पहली पारी): 292/2 (डोम सिबली 116*, रोरी बर्न्स 77, रयान पटेल 67)
- अंक का अंतर: सरे अभी भी ससेक्स से 66 रन पीछे है।
मैच के तीसरे दिन का खेल काफी निर्णायक साबित हो सकता है। सरे का लक्ष्य न केवल ससेक्स के स्कोर को पार करना है, बल्कि एक बड़ा मैच-विजेता लीड बनाकर विपक्षी टीम पर दबाव बनाना है। सरे के प्रशंसक उम्मीद कर रहे हैं कि सिबली अपनी पारी को और आगे बढ़ाएंगे और टीम को एक मजबूत स्थिति में पहुंचाएंगे।
क्रिकेट के जानकारों का मानना है कि यदि सरे तीसरे दिन जल्दी विकेट नहीं गंवाती है, तो वे निश्चित रूप से इस मैच में ड्राइविंग सीट पर होंगे। काउंटी चैंपियनशिप का यह रोमांचक मुकाबला अब अपने अंतिम और सबसे महत्वपूर्ण दौर में प्रवेश कर रहा है।
