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अक्षर पटेल की रणनीति पर उठे बड़े सवाल
आईपीएल 2024 में दिल्ली कैपिटल्स (DC) की गेंदबाजी रणनीति पर क्रिकेट जगत में चर्चा तेज हो गई है। टीम के पास अक्षर पटेल और कुलदीप यादव के रूप में दो विश्व स्तरीय स्पिनर मौजूद हैं, फिर भी सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ मैच में उनसे केवल चार ओवर ही कराए गए। इस फैसले ने पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान एरॉन फिंच को काफी हैरान किया है।
एरॉन फिंच की तीखी आलोचना
ईएसपीएनक्रिकइंफो के ‘टाइम आउट’ शो पर बातचीत करते हुए, एरॉन फिंच ने दिल्ली कैपिटल्स के टीम प्रबंधन और विशेष रूप से कप्तान अक्षर पटेल की कार्यशैली पर कड़ा प्रहार किया। फिंच का मानना है कि जब आपकी टीम में दो मुख्य भारतीय स्पिनर हों, तो उनसे केवल चार ओवर करवाना तर्कहीन है। इसके विपरीत, पार्ट-टाइम ऑफ स्पिनर नीतीश राणा को चार ओवर गेंदबाजी करने का मौका मिला, जो कि एक बड़ा आश्चर्य रहा।
फिंच ने कहा, ‘हम सभी हैरान हैं। आपके दो प्रमुख भारतीय स्पिनर—अक्षर पटेल और कुलदीप यादव—ने मिलकर केवल चार ओवर फेंके। एक पार्ट-टाइम ऑफ स्पिनर से चार ओवर करवाना मेरी समझ से परे है।’
कप्तानी और साहस की कमी
फिंच ने अक्षर पटेल की भूमिका पर अधिक जोर देते हुए कहा, ‘यह आपके कप्तान, आपके अनुभवी खिलाड़ी और भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य गेंदबाजों में से एक की जिम्मेदारी है। अक्षर एक दो बार के विश्व कप विजेता हैं। ऐसे में जब बाएं हाथ के बल्लेबाज क्रीज पर आते हैं और आप खुद को गेंदबाजी के लिए नहीं चुनते, तो यह आपकी मानसिकता को दर्शाता है। ऐसा लगता है कि आप दबाव में खुद का बचाव करने के लिए तैयार नहीं हैं।’
अक्षर पटेल के पास है हुनर
अक्षर पटेल का सनराइजर्स के अभिषेक शर्मा के खिलाफ रिकॉर्ड काफी अच्छा रहा है। फिंच ने याद दिलाया कि अक्षर के पास गेंदबाजी में विविधता और रक्षात्मक कौशल दोनों हैं। वह कोण बदल सकते हैं, अपनी लंबाई का उपयोग कर सकते हैं और दबाव की स्थिति में भी गेंदबाजी करना जानते हैं। फिंच ने कहा, ‘अक्षर के पास कौशल की कोई कमी नहीं है। वह बाएं हाथ के बल्लेबाजों को परेशान कर सकते हैं, लेकिन इस मैच में उन्होंने अपने उस आत्मविश्वास की कमी दिखाई जिसकी उम्मीद एक सीनियर खिलाड़ी से की जाती है।’
फाफ डु प्लेसिस की राय
इस चर्चा में फाफ डु प्लेसिस भी शामिल हुए और उन्होंने भी इस फैसले पर हैरानी जताई। डु प्लेसिस का कहना था कि अगर अक्षर गेंदबाजी करते और रन लुटाते, तो भी आलोचना इतनी बड़ी नहीं होती, क्योंकि कम से कम उन्होंने जिम्मेदारी तो ली होती। ‘हम इस बात पर चर्चा नहीं कर रहे होते कि आपने राणा से गेंदबाजी क्यों करवाई। मुख्य मुद्दा यह है कि आपने अपनी क्षमता का सही इस्तेमाल नहीं किया,’ डु प्लेसिस ने जोड़ा।
दिल्ली कैपिटल्स के लिए सबक
मैच के बाद अक्षर पटेल ने माना था कि टीम ने अपनी योजनाओं का सही से क्रियान्वयन नहीं किया। हालांकि, फिंच का मानना है कि गलती केवल निष्पादन (execution) की नहीं है, बल्कि उस सोच और तैयारी की है जो मैदान पर दिखनी चाहिए थी। गेंदबाजों का रन खाना या गलती करना खेल का हिस्सा है, लेकिन दबाव में खुद को बैक न करना टीम की रणनीति के प्रति एक बड़ा नकारात्मक संदेश भेजता है।
दिल्ली कैपिटल्स के लिए अब आने वाले मैचों में अपनी गेंदबाजी रोटेशन को लेकर अधिक स्पष्टता और साहस दिखाने की आवश्यकता है, ताकि वे आईपीएल की कठिन प्रतिस्पर्धा में बने रह सकें।
