आईपीएल 2026: क्या राजस्थान रॉयल्स का ‘धीमा’ मॉडल पुराना पड़ चुका है?
क्रिकेट में ‘स्ट्राइक रेट’ का क्या मतलब है? इसका जवाब पूरी तरह से संदर्भ (context) पर निर्भर करता है। साल 2008 में, केवल छह बल्लेबाज ऐसे थे जिन्होंने 150 से अधिक के स्ट्राइक रेट से 200 से ज्यादा रन बनाए थे। लेकिन आईपीएल 2026 की तस्वीर बिल्कुल बदली हुई है, जहां अब तक 25 बल्लेबाज यह आंकड़ा छू चुके हैं।
इस फेहरिस्त में ध्रुव जुरेल का नाम भी शामिल है। उन्होंने 10 पारियों में 151.04 के स्ट्राइक रेट से 290 रन बनाए हैं। साल 2008 के लिहाज से ये आंकड़े शानदार होते, लेकिन 2026 की आक्रामक टी20 लीग में ये पर्याप्त नहीं हैं।
ध्रुव जुरेल और नंबर 3 की जिम्मेदारी
राजस्थान रॉयल्स (RR) के लिए जुरेल नंबर 3 पर बल्लेबाजी कर रहे हैं। यह एक ऐसी पोजीशन है जहां लचीलापन और आक्रामकता की जरूरत होती है। एक आदर्श नंबर 3 बल्लेबाज वह है जो पावरप्ले के बाद बाउंड्री ढूंढ सके और स्पिन व तेज गेंदबाजों के खिलाफ समान रूप से तेजी से रन बना सके। जुरेल में प्रतिभा है, इसमें कोई संदेह नहीं, लेकिन क्या वह इस भूमिका के लिए फिलहाल तैयार हैं?
हालिया मैचों को देखें तो RR ने SRH और DC के खिलाफ 220 से अधिक रन बनाने के बावजूद हार का सामना किया है। जुरेल की 51 गेंदों में 35 रन और 42 गेंदों में 30 रन की पारियां यह दर्शाती हैं कि टीम बीच के ओवरों में कहीं न कहीं पिछड़ रही है।
रवींद्र जडेजा का प्रमोशन: एक पुरानी सोच
दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मैच में RR ने डोनोवन फरेरा से पहले रवींद्र जडेजा को बल्लेबाजी के लिए भेजा। कप्तान रियान पराग का तर्क था कि वे स्पिनरों के खिलाफ ओवर निकालना चाहते थे ताकि अंत में फरेरा तेजी से रन बना सकें। हालाँकि फरेरा ने अंत में शानदार बल्लेबाजी की, लेकिन जडेजा का स्पिन के खिलाफ संघर्ष किसी से छिपा नहीं है।
यह टी20 पारी बनाने का एक पुराना और आउटमोडेड तरीका है। आज के आईपीएल में, जब 225 रन का स्कोर भी सुरक्षित नहीं है, तब बिना पूरी तीव्रता के बल्लेबाजी करना जोखिम भरा है।
गेंदों की बर्बादी और खोया हुआ मौका
मैच के नौवें ओवर में, जब अक्षर पटेल गेंदबाजी कर रहे थे, रियान पराग ने शुरुआती दो गेंदों पर छक्के लगाए। टीम के पास दबाव बनाने का सुनहरा मौका था, लेकिन इसके बाद के चार गेंदों पर केवल दो सिंगल और दो डॉट गेंदें खेली गईं। यही हाल कुलदीप यादव के ओवर में रहा। जुरेल और पराग का यह ‘सेफ’ खेलने का रवैया टीम पर भारी पड़ रहा है।
आज के दौर में यदि आप दोनों छोर से हमला नहीं कर रहे हैं, तो आप बीच के ओवरों में रन छोड़ रहे हैं। ध्रुव जुरेल का स्ट्राइक रेट इस सीजन में शीर्ष 10 ओवरों में बल्लेबाजी करने वाले खिलाड़ियों में सबसे निचले स्तरों में से एक है।
निष्कर्ष: बदलाव की जरूरत
भले ही जुरेल में अपार क्षमता है, लेकिन उन्हें श्रेयस अय्यर या केएल राहुल जैसे खिलाड़ियों से सीख लेनी होगी, जिन्होंने समय के साथ अपनी बल्लेबाजी में बदलाव किए हैं। केएल राहुल ने इस सीजन में मिडिल ओवरों में 211 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की है। राजस्थान रॉयल्स के पास बेहतरीन प्रतिभाएं (यशस्वी जायसवाल, रियान पराग, जुरेल) हैं, लेकिन उनकी खेल रणनीति को आधुनिक टी20 की जरूरतों के हिसाब से ढालने की सख्त आवश्यकता है।
