राजस्थान रॉयल्स के लिए विवादों का दौर
आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स (RR) की टीम जहां अंक तालिका में चौथे स्थान पर मजबूती से बनी हुई है, वहीं मैदान के बाहर चल रहे विवाद टीम की छवि पर असर डाल रहे हैं। हाल ही में मुख्य कोच कुमार संगकारा ने इन मामलों पर अपनी चुप्पी तोड़ी है और इसे टीम के लिए ‘सकारात्मक संकेत नहीं’ माना है।
हालिया विवादों की श्रृंखला
राजस्थान रॉयल्स के साथ इस सीजन में दो बड़े विवाद जुड़े हैं। सबसे चर्चित मामला पंजाब किंग्स के खिलाफ मैच के दौरान का है, जब कप्तान रियान पराग को ड्रेसिंग रूम में ‘वेपिंग’ (vaping) करते हुए देखा गया था। इस अनुशासनहीनता के कारण उन पर मैच फीस का 25% जुर्माना लगाया गया और एक डिमेरिट अंक भी दिया गया।
इससे पहले, 10 अप्रैल को गुवाहाटी में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के खिलाफ मैच के दौरान, टीम के मैनेजर रविंदर सिंह भिंडर को डगआउट में मोबाइल फोन का उपयोग करते हुए पकड़ा गया था। इस मामले में बीसीसीआई की भ्रष्टाचार विरोधी इकाई ने उन पर 1 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था।
कुमार संगकारा का रुख
जयपुर में दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ मैच से पहले एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान संगकारा ने स्पष्ट किया कि इस तरह की घटनाएं टीम की संस्कृति के अनुरूप नहीं हैं। उन्होंने कहा, ‘निश्चित रूप से, किसी भी प्रकार का विवाद टीम पर सकारात्मक प्रभाव नहीं डालता है। बीसीसीआई और फ्रेंचाइजी ने इन दोनों मामलों पर कार्रवाई की है। हम अपनी टीम में हमेशा एक स्वस्थ संस्कृति बनाए रखने की कोशिश करते हैं और खिलाड़ियों को लगातार याद दिलाया जाता है कि वे फ्रेंचाइजी के प्रति जिम्मेदार हैं।’
रियान पराग की फॉर्म और कप्तानी पर सवाल
विवादों के अलावा, रियान पराग का बल्ले से खराब प्रदर्शन भी चर्चा का विषय है। उन्होंने नौ मैचों में 14.62 की मामूली औसत से केवल 117 रन बनाए हैं। हालांकि, संगकारा अभी भी अपने कप्तान का पूरा समर्थन कर रहे हैं।
संगकारा ने पराग की कप्तानी की सराहना करते हुए कहा, ‘उन्होंने कप्तान के रूप में बहुत अच्छा काम किया है। पिछले मैच में उनकी छोटी लेकिन महत्वपूर्ण पारी ने खेल का रुख बदल दिया था। उनकी बल्लेबाजी क्षमता पर कोई संदेह नहीं है।’
बल्लेबाजी और कप्तानी में संतुलन
कोच ने रियान पराग को एक अहम सलाह दी है। उन्होंने कहा, ‘आपको कप्तानी की तरह बल्लेबाजी नहीं करनी चाहिए। जब आप बल्लेबाजी करने जाएं, तो रियान पराग (बल्लेबाज) के रूप में खेलें, और केवल फील्डिंग के दौरान ही कप्तान की भूमिका निभाएं। कप्तानी और बल्लेबाजी की भूमिकाओं का यह अलगाव बहुत जरूरी है।’
टीम का भविष्य
राजस्थान रॉयल्स ने अब तक नौ मैचों में से छह में जीत हासिल की है और अंक तालिका में उनकी स्थिति अभी भी सुरक्षित है। संगकारा को उम्मीद है कि टीम अपनी लय बरकरार रखेगी और आने वाले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करेगी। 1 मई को जयपुर में दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ होने वाला मुकाबला टीम के लिए न केवल जीत की राह पर बने रहने के लिए, बल्कि अपनी छवि सुधारने के लिए भी महत्वपूर्ण होगा।
अंततः, यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या रियान पराग अपने कोच की सलाह को मैदान पर उतार पाते हैं और क्या राजस्थान रॉयल्स का प्रबंधन भविष्य में किसी और विवाद से बच पाता है।
